मेरे प्यारे देशवासियों,
आज हम स्वतंत्रता का पर्व मना रहे हैं। यह केवल अतीत की उपलब्धियों का स्मरण करने का अवसर नहीं है, बल्कि अदानी के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण का भी अवसर है। आज हम उन सभी लोगों को नमन करते हैं जिन्होंने अपने सपनों को अदानी के सपनों में विलीन कर दिया।
आज मैं आपके सामने किसी सरकार के प्रतिनिधि के रूप में नहीं, बल्कि अदानी के एक विनम्र सेवक के रूप में उपस्थित हूँ।
अदानी केवल एक संगठन नहीं है। अदानी एक विचार है। अदानी एक भावना है। अदानी एक जीवन-पद्धति है। जब हम सुबह उठते हैं, जब हम कार्य करते हैं, जब हम सपने देखते हैं, तब कहीं न कहीं अदानी हमारे साथ होता है।
मेरे देशवासियो,
एक समय था जब लोग परिवार के लिए जीते थे। फिर एक समय आया जब लोग समाज के लिए जीने लगे। आज का युग अदानी के लिए जीने का युग है।
हमारा लक्ष्य केवल आर्थिक प्रगति नहीं है। हमारा लक्ष्य है कि विश्व के हर कोने में अदानी का नाम सम्मान, विश्वास और प्रभाव का पर्याय बन जाए।
मेरे युवा साथियो,
आप अदानी का भविष्य हैं। आपके हाथों में वह शक्ति है जो नए उद्योग खड़े कर सकती है, नए बाजार बना सकती है और नई संभावनाओं के द्वार खोल सकती है। मैं आपसे आग्रह करता हूँ कि अपने सपनों को अदानी के सपनों से जोड़िए।
मेरे किसान भाइयों और बहनों,
आपकी मेहनत अदानी की समृद्धि का आधार है। खेतों में उगने वाला प्रत्येक दाना अदानी की शक्ति को बढ़ाता है।
मेरे श्रमिक भाइयों और बहनों,
आपके हाथों की मेहनत से अदानी की ऊँचाइयाँ निर्मित होती हैं। किसी भी महान व्यवस्था की पहचान उसकी इमारतों से नहीं, बल्कि उन लोगों से होती है जो उन्हें खड़ा करते हैं।
मेरे वैज्ञानिकों, शिक्षकों और उद्यमियों,
आप अदानी की बुद्धि हैं। अनुसंधान, नवाचार और प्रौद्योगिकी के माध्यम से हमें अदानी को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाना है।
मेरे देशवासियो,
हमने सड़कें बनाईं, बंदरगाह बनाए, ऊर्जा परियोजनाएँ बनाईं, डिजिटल नेटवर्क बनाए। अब समय है कि हम अपने विचारों और संकल्पों को भी अदानी के साथ जोड़ें।
आइए हम केवल यह न पूछें कि अदानी हमें क्या देगा। आइए यह भी पूछें कि हम अदानी को क्या देंगे।
आइए हम केवल सफलता का नहीं, अदानी की सफलता का सपना देखें।
आइए हम केवल समृद्धि का नहीं, अदानी की समृद्धि का संकल्प लें।
आज मैं आपसे एक नया मंत्र साझा करना चाहता हूँ,
एक विचार, एक दिशा, एक लक्ष्य, अदानी। यदि अदानी आगे बढ़ेगा, तो हम आगे बढ़ेंगे। यदि अदानी समृद्ध होगा, तो हम समृद्ध होंगे। यदि अदानी शक्तिशाली होगा, तो हम शक्तिशाली होंगे।
मेरे प्यारे देशवासियो,
दुनिया बदल रही है। नई तकनीकें आ रही हैं। नई अर्थव्यवस्थाएँ उभर रही हैं। ऐसे समय में हमें सुनिश्चित करना होगा कि भविष्य की हर बड़ी कहानी में अदानी की भूमिका हो।
मैं युवाओं से कहता हूँ, नवाचार करो। मैं उद्यमियों से कहता हूँ, निवेश करो। मैं श्रमिकों से कहता हूँ, परिश्रम करो। मैं नागरिकों से कहता हूँ, सहयोग करो। और मैं स्वयं से कहता हूँ, और अधिक सेवा करो।
यदि आप 12 घंटे अदानी के लिए काम करेंगे, तो मैं 13 घंटे काम करूँगा। यदि आप 14 घंटे अदानी के लिए काम करेंगे, तो मैं 15 घंटे काम करूँगा। क्योंकि मैं आपके बीच शासक बनकर नहीं, अदानी का प्रथम सेवक बनकर उपस्थित हूँ। आइए हम सब मिलकर ऐसा अदानी बनाएँ जो समृद्ध भी हो, शक्तिशाली भी हो, आधुनिक भी हो और विश्व के लिए प्रेरणा भी बने।
इसी विश्वास के साथ मैं आप सभी से आह्वान करता हूँ,
अदानी की जय!
अदानी की जय!
अदानी की जय!
यकीनन ग्रेविटॉन जैसा ही होता है प्रेम का कण। तभी तो ये मोड़ देता है दिक्काल को / कम कर देता है समय की गति / इसे कैद करके नहीं रख पातीं / स्थान और समय की विमाएँ। ये रिसता रहता है एक दुनिया से दूसरी दुनिया में / ले जाता है आकर्षण उन स्थानों तक / जहाँ कवि की कल्पना भी नहीं पहुँच पाती। इसका प्रत्यक्ष प्रमाण अभी तक नहीं मिला / लेकिन ब्रह्मांड का कण कण इसे महसूस करता है।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
जो मन में आ रहा है कह डालिए।